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बिहार के बेगूसराय में दुर्गा पूजा के मौके पर आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब आर्केस्ट्रा में 'मुन्नी बदनाम हुई' गाने पर नृत्य के दौरान एक युवक ने अचानक पिस्तौल निकालकर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी. गोलियों की आवाज सुनते ही मेला परिसर में भगदड़ मच गई. मेले में आए महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे. वहीं, फायरिंग करने वाले युवक को स्थानीय लोगों ने पकड़ लिया और उसकी पिटाई करने के बाद पुलिस के हवाले कर दिया.
यह पूरा मामला नीमा चांदपुरा थाना क्षेत्र के चितरंजन चौक के पास स्थित चांदपुरा चितरंजन सार्वजनिक दुर्गा स्थान परिसर का है. बताया जाता है कि दुर्गा पूजा के अवसर पर यहां सांस्कृतिक कार्यक्रम और जागरण का आयोजन किया गया था, जिसमें आसपास के दर्जनों गांवों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे थे. इसी दौरान मंच पर दो महिला डांसर 'मुन्नी बदनाम हुई' गाने पर डांस कर रही थीं. उन्हें देखने के लिए दर्शकों की भीड़ जुटी हुई थी. तभी भीड़ में शामिल एक युवक आगे आया और अपनी कमर से पिस्तौल निकालकर ताबड़तोड़ फायरिंग करने लगा. अचानक हुई गोलीबारी से पूरे मेला परिसर में दहशत फैल गई. उस युवक की पहचान चांदपुरा भीठा टोल निवासी बैद्यनाथ सिंह के पुत्र जीतू कुमार के रूप में हुई है.
बेगूसराय के एसपी मनीष के अनुसार, पुलिस टीम जब चितरंजन चौक के पास स्थित दुर्गा स्थान के बगल वाले मैदान में पहुंची, तो एक युवक भागने लगा. पुलिसकर्मियों ने पीछा कर उसे पकड़ लिया. तलाशी के दौरान उसके पास से एक कट्टा बरामद किया गया. पुलिस ने हथियार जब्त कर आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया और उसे गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया. घटना से जुड़ा एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान फायरिंग किए जाने की बात सामने आ रही है. वहीं, स्थानीय ग्रामीणों के बीच चर्चा है कि पांच से सात युवकों का एक समूह पूरी रात मेला परिसर में घूमकर हुड़दंग कर रहा था. हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है. पुलिस वायरल वीडियो और घटना के विभिन्न पहलुओं की जांच कर रही है.
दुर्गा पूजा जैसे धार्मिक आयोजन के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रम में खुलेआम हथियार निकालकर फायरिंग किए जाने की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं. जिस मेले में बड़ी संख्या में महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग मौजूद थे, वहां गोलीबारी से बड़ा हादसा हो सकता था. अब सवाल उठता है कि धार्मिक आयोजनों के दौरान होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों की निगरानी किस तरह की जा रही है. फिलहाल, पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.
रिपोर्ट: जितेंद्र चौधरी