App

खोई प्रतिष्ठा पाने के लिए कांग्रेस का नाटक: रितु बराला केस पर बोले गृह राज्य मंत्री - एक ही मामले की दो FIR कैसे होगी?

राजस्थान में रितु बराला केस को लेकर सियासी घमासान तेज है. गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम ने कांग्रेस के धरने को नौटंकी बताया, वहीं डोटासरा और टीकाराम जूली ने जयपुर पुलिस के बयान पर सवाल उठाते हुए जीरो FIR की मांग उठाई.

खोई प्रतिष्ठा पाने के लिए कांग्रेस का नाटक: रितु बराला केस पर बोले गृह राज्य मंत्री - एक ही मामले की दो FIR कैसे होगी?
Image Credit: Jawahar Singh Bedham (Zee Media)

राजस्थान में NSUI की राष्ट्रीय सचिव रितु बराला से जुड़े मामले को लेकर कांग्रेस और भाजपा के बीच बयानबाजी तेज हो गई है. जयपुर पुलिस कमिश्नरेट में कांग्रेस के धरने और जीरो FIR की मांग पर गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम ने निशाना साधा है. उन्होंने कांग्रेस के प्रदर्शन को नौटंकी बताया. वहीं, कांग्रेस नेता गोविंद सिंह डोटासरा और नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने जयपुर पुलिस के बयान पर सवाल उठाते हुए उसे भ्रामक बताया है.

जवाहर सिंह बेढम ने कांग्रेस के धरने पर क्या कहा?
गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम ने कहा कि राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के नेता सोमवार से जयपुर पुलिस कमिश्नरेट में नौटंकी कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि रितु बराला के मामले में दिल्ली पुलिस को पहले ही शिकायत दी जा चुकी है. इसके बाद एक वीडियो भी जारी हुआ और राहुल गांधी ने गोविंद सिंह डोटासरा को फोन कर राजस्थान में FIR दर्ज कराने के लिए कहा.

बेढम ने सवाल उठाया कि जब दिल्ली पुलिस को शिकायत दी जा चुकी है, तो राजस्थान में जीरो FIR कैसे दर्ज हो सकती है? उन्होंने कहा कि मामले की जांच चल रही है और कांग्रेस नेताओं को प्रदर्शन बंद करना चाहिए.

'खोई हुई प्रतिष्ठा वापस पाने की कोशिश'
जवाहर सिंह बेढम ने आरोप लगाया कि कांग्रेस अपनी खोई हुई प्रतिष्ठा वापस पाने के लिए इस तरह का प्रदर्शन कर रही है. उन्होंने कहा कि पार्टी के नेता बिना वजह व्यवधान पैदा कर रहे हैं और जनता को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं. बेढम ने कांग्रेस नेताओं को आत्मचिंतन करने और जनता के हित में काम करने की सलाह भी दी.

जयपुर पुलिस के बयान पर कांग्रेस ने उठाए सवाल
दूसरी ओर, गोविंद सिंह डोटासरा और टीकाराम जूली ने संयुक्त बयान जारी कर जयपुर पुलिस कमिश्नरेट के प्रेस नोट पर सवाल उठाए. कांग्रेस ने पुलिस के बयान को भ्रामक बताया. पुलिस के मुताबिक, रितु बराला ने दिल्ली पुलिस को परिवाद दिया था और उसकी जांच प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज मामले के अनुसंधान के साथ की जा रही है.

कांग्रेस ने सवाल उठाया कि जिस पुलिस ने अपनी FIR में रितु बराला को आरोपी बनाया है, वही पुलिस उन्हें शिकायतकर्ता और पीड़िता कैसे मान सकती है? पार्टी का आरोप है कि राजस्थान पुलिस इस मामले में बार-बार अपना रुख बदल रही है.

केरल में FIR दर्ज होने का दिया हवाला
कांग्रेस नेताओं ने दावा किया कि केरल में इस मामले से जुड़े परिवाद के बावजूद FIR दर्ज हो चुकी है. ऐसे में राजस्थान में रितु बराला की शिकायत पर FIR क्यों नहीं दर्ज की जा रही? कांग्रेस के मुताबिक, रितु बराला ने जीरो नंबर FIR दर्ज कराने के लिए जयपुर के मोती डूंगरी थाने में प्रार्थना-पत्र दिया था.

जीरो FIR को लेकर आमने-सामने कांग्रेस और भाजपा
इस मामले में मुख्य विवाद जीरो FIR दर्ज करने को लेकर है. कांग्रेस का कहना है कि दूसरे राज्य में हुई घटना की शिकायत भी राजस्थान में जीरो FIR के रूप में दर्ज की जा सकती है. वहीं, जवाहर सिंह बेढम का कहना है कि दिल्ली पुलिस को शिकायत दिए जाने और जांच चलने के बावजूद कांग्रेस इस मुद्दे पर प्रदर्शन कर रही है. फिलहाल, दोनों पक्षों के बीच आरोप-प्रत्यारोप जारी हैं और पुलिस की आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी.

Add Zee News as a Preferred Source

About the Author

SAGAR CHAUDHARY

SAGAR CHAUDHARY

सागर चौधरी, अप्रैल 2024 से वे ज़ी न्यूज़ संस्थान का हिस्सा हैं और अपनी मेहनत व काम करने की क्षमता से लगातार टीम में योगदान दे रहे हैं.सागर चौधरी का संबंध हरियाणा के फरीदाबाद से है, जहां उन्होंने इंटरमीडिएट तक की पढ़ाई पूरी की. इसके बाद उन्होंने महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय, रोहतक से मास कम्युनिकेशन में स्नातक की डिग्री हासिल की और मीडिया क्षेत्र में अपने करियर की शुरुआत की.
Read More

ट्रेंडिंग

  • न्यूज़
  • फोटो
  • वीडियो